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ट्रेन दुर्घटना में मरे लोगों के प्रति मुख्यमंत्री ने गहरा दुख व्यक्त किया

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शनिवार को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर खतौली के पास हुई कलिंगा उत्कल एक्सप्रेस दुर्घटना के मृतकों के प्रति गहरा दुःख व्यक्त किया है। उन्होंने दिवंगतों की आत्मा की शांति एवं दुःख की इस घड़ी में उनके परिजनों को धैर्य प्रदान करने के साथ ही घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की ईश्वर से कामना की है।

मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिलाधिकारी हरिद्वार ने पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, उप जिलाधिकारी, सीओ एवं तहसीलदार घटनास्थल के लिए रवाना किया है। इसके साथ ही दो एम्बुलेंस भी घटनास्थल के लिए रवाना की गई है। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन हरिद्वार को निर्देश दिए कि दुर्घटना प्रभावित यात्रियों को हर संभव मदद दी जाए। उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिए कि मुजफ्फरनगर जिला प्रशासन से लगातार सम्पर्क बनाये रखें।

ट्रेन हादसे पर अजय भट्ट ने किया दुःख व्यक्त

हरिद्वार आ रही कलिंगा उत्कल एक्सप्रेस के दुघर्टना ग्रस्त होने, उसमे 14 यात्रियों की मृत्यु व 50 यात्रियों के घायल होने पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अजय भटट् ने दुःख व्यक्त किया है। भटट् ने कहा कि मृतकों और घायलों में कई लोगों के उत्तराखंड के भी होने की संभावना है। पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि इस दुखद मौके पर सभी उनके साथ हैं।

केंद्र व राज्य सरकारें इस सम्बंध में सभी आवश्यक कदम उठा रही हैं। साथ ही इस बात का पता भी लगाना जरूरी है कि दुर्घटना का कारण क्या था। इस बारे में जांच एजेंसियों ने काम शुरू कर दिया है।

मुख्यमंत्री ने ढाई लाख छात्र छात्राओं को निशुल्क बीमा योजना की दी सौगात

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने उत्तराखंड के ढाई लाख कॉलेज स्टूडेंट्स छात्र छात्राओं को निशुल्क बीमा योजना की सौगात दी। हल्द्वानी के एमबीपीजी कॉलेज से इस योजना का शुभारंभ करते हुए शहीदों की याद में बनी शौर्य दीवार का भी लोकार्पण किया है। हल्द्वानी पहुंचे सीएम ने एमबीपीजी कॉलेज में डिजीटल लाइब्रेरी, स्मार्ट क्लासेस, टॉप करने वाले छात्र छात्राओं को लैपटॉप देने की भी घोषणा की है।

राष्ट्रगान से शुरू हुए कार्यक्रम में सीएम ने कहा है कि प्रदेश में अभी भी ढाई लाख लोग बीमा सुरक्षा से बाहर हैं, जिन्हें सरकार बीमित करना चाहती है. इसके लिए उन्होंने प्रदेशवासियों के सुझाव भी मांगे हैं. इसके साथ ही उन्होंने प्रदेश से पलायन रोकने, रोजगार के साधन खोजने सहित प्रदेश के विकास के लिए युवाओं से राय मांगी है।

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