Home News National कांग्रेस से कभी नहीं करेंगे गठबंधन: मायावती

कांग्रेस से कभी नहीं करेंगे गठबंधन: मायावती

27
0
SHARE
uknews-mayawati rufuse to be in alliance with congress

लखनऊ: एमपी और छतीसगढ़ के विधानसभा चुनाव से पहले बीएसपी और अजीत जोगी के बीच हुए गठबंधन पर अब सियासत तेज हो गई है। एक ओर जहां मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने कांग्रेस के साथ गठबंधन में शामिल ना होने के फैसले पर मायावती की आलोचना की है, वहीं मायावती ने दिग्विजय के बयान के बहाने पूरी कांग्रेस पार्टी की मंशा पर सवाल खड़े किए हैं। मायावती ने कहा है कांग्रेस पार्टी बीजेपी को केंद्र की सत्ता से हटाने के लिए गंभीर नहीं है और वह बहुजन समाज पार्टी को खत्म करना चाहती है। बीएसपी सुप्रीमो ने यह भी कहा कि बहुजन समाज पार्टी आगामी समय में होने वाले विधानसभा चुनाव में अकेले ही उम्मीदवारी करेगी और कांग्रेस से अब कभी गठबंधन नहीं किया जाएगा।

इससे पहले दिग्विजय सिंह ने अपने बयान में कहा है कि मायावती सीबीआई के डर से गठबंधन में शामिल नहीं हो रही हैं। वहीं मायावती ने सिंह के इस बयान पर पलटवार करते हुए कहा है कि दिग्विजय सिंह बीजेपी के लिए काम कर रहे हैं। मायावती ने कहा कि कांग्रेस में राहुल गांधी और सोनिया गांधी बीएसपी से गठबंधन के लिए गंभीर हैं, लेकिन पार्टी के अन्य नेता ऐसा नहीं होने देना चाहते।

मायावती ने जोगी की पार्टी से किया था गठबंधन

दरअसल, मध्य प्रदेश के चुनाव में मायावती ने बीते दिनों अजीत जोगी की पार्टी के साथ गठबंधन करने की घोषणा की थी। मायावती के इस फैसले के बाद राज्य में कांग्रेस के नेतृत्व वाले गठबंधन को झटका लगा था, जिसके बाद से ही पार्टी नेताओं ने मायावती की आलोचना शुरू की थी। इसी क्रम में बुधवार को कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने कहा कि मायावती ने बीजेपी के कहने पर सीबीआई के डर से जोगी के साथ गठबंधन किया है।

सिंह के इस बयान के कुछ देर बाद दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए मायावती ने कहा कि दिग्विजय सिंह ने उनपर जो आरोप लगाए हैं, वह निराधार है और दिग्विजय सिंह संघ के एजेंट के रूप में काम कर रहे हैं।

‘बीजेपी और कांग्रेस की मोहताज नहीं है बीएसपी’

मायावती ने कहा कि बीजेपी की ही तरह कांग्रेस की भी मंशा है कि किसी तरह बहुजन समाज पार्टी को खत्म कर दिया जाए, लेकिन हमारी पार्टी कांग्रेस और बीजेपी की मोहताज नहीं है। माया ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी में बहुत घमंड है और सत्ता से जाने के बाद भी उसका अहंकार खत्म नहीं हुआ है।

माया ने कहा कि बीएसपी के समर्थन से सरकार में होने के बावजूद कांग्रेस ने कांशीराम जी की पुण्यतिथि पर अवकाश देने की हमारी मांग को नहीं माना था और इन्हीं नीतियों के कारण जनता अब कांग्रेस को माफ करने के मूड में नहीं है। बता दें कि हाल ही में मायावती के अजीत जोगी से गठबंधन करने के बाद कांग्रेस नेता पीएल पुनिया ने कहा था कि मायावती का फैसला दुर्भाग्यपूर्ण है और यह पूरी डील बीजेपी के इशारे पर हुई है।