Home Uttarakhand Kumaun आॅगनबाड़ी कार्यकत्री दिव्यांग बच्चों की ओर विशेष ध्यान देंः डीएम

आॅगनबाड़ी कार्यकत्री दिव्यांग बच्चों की ओर विशेष ध्यान देंः डीएम

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uknews-Activists present in the workshop of Agnabadi activists
आॅगनबाड़ी कार्यकत्रियों की कार्यशाला में उपस्थित कार्यकत्रियां।
अल्मोड़ा। छोटे बच्चों में मानसिक दिव्यांगता/मन्दता की पहचान, लक्षण एवं उपायों आदि के सम्बन्ध में आॅगनबाड़ी कार्यकत्रियों की एक दिवसीय कार्यशाला जिला कार्यालय के बहुउददेशीय सभागार में आयोजित की गयी।

आॅगनबाड़ी केन्द्र बच्चो का सीखने का प्राथमिक स्थान

कार्यशाला को सम्बोधित करते हुए जिलाधिकारी इवा आशीष श्रीवास्तव ने कहा कि आॅगनबाड़ी कार्यकत्रियों को मानसिक रूप से दिव्यांग बच्चांे के विकास एवं उनके दैनिक कार्यों में सहायता हेतु विशेष ध्यान देना चाहिए। आॅगनबाड़ी केन्द्र बच्चो का सीखने का प्राथमिक स्थान है इसलिए बच्चांे के साथ शुरू से ही आत्मविश्वास एवं उनके साथ सहानुभूति व्यवहार किया जाना चाहिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि मानसिक रूप से दिव्यांग बच्चो से प्रत्येक कार्य स्नेहपूर्वक करवाना चाहिए साथ ही ऐसे बच्चो के माता पिता को भी इन बच्चो के प्रति सहानुभूति एवं आत्म विश्वास जगाने के लिए विशेष प्रयास के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए। दैनिक कार्यों में उनकी सहायता एवं धीरे-धीरे उन्हें ऐसे कार्याें की आदत डालनी चाहिए।
इस कार्यशाला में राफेल होम सेन्टर देहरादून से आयी विशेषज्ञ प्रमिला प्रसाद एवं श्रीमती गगां सिंह ने आॅगनबाड़ी कार्यकत्रियों को पाॅवर पाइंट के माध्यम से विकलांग बच्चो की पहचान आदि के बारे में बताया। उन्होंने आॅगनबाड़ी कार्यकत्रियों को विकलांगता के प्रकार, विशेषतायें, पहचान एवं उन्हें दी जाने वाली विशेष सुविधाओं एवं क्रियाओं के बारे में विस्तार पूर्वक बताया।

दिव्यांग बच्चो को दी जानी चाहिए विशेष सुविधाये

उन्होंने कहा कि मानसिक दिव्यांग बच्चो के दिमाग का पूर्ण विकास नहीं हो पाता अर्थात उनके मस्तिक का विकास अधूरा रह जाता है जिसके फलस्वरूप उन बच्चो के समझने, बात करने, पढ़ने, लिखने एवं सोचने आदि की शक्ति कम हो जाती है इसलिए उन्हे विशेष सुविधाये दी जानी चाहिए।
इस अवसर पर आॅगनबाड़ी कार्यकत्रियों को क्रियात्मक प्लान दिया गया जिससे मानसिक दिव्यांग बच्चो के दैनिक कार्यों को करवाने में सहायता मिल सके। उन्होंने बताया कि समस्त ब्लाॅको में इस तरह की कार्यशाला आयोजित कर आॅगनबाड़ी कार्यकत्रियों को प्रशिक्षित किया जायेगा।
इस अवसर पर बाल विकास परियोजना अधिकारी गीता बिष्ट, आशा भैंसोड़ा, सुपरवाईजर विनीता वर्मा, हंसी रौतेला, आर0बी0एस0 के जिला समन्वयक रवि मिश्रा, डा0 विशाल सहित आॅगनबाड़ी कार्यकत्रिया एवं स्वास्थ्य विभाग के अन्य कर्मचारी उपस्थित थे।